स्पेशल डेस्क: हिमाचल प्रदेश विधानसभा शीतकालीन सत्र के चौथे दिन भी जम कर हंगामा हुआ। मंगलवार को विस का घेराव करने जा रहे युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पुलिस कर्मचारियों के बीच धक्कामुक्की हो गई। इस दौरान महिला पुलिस कर्मचारी समेत करीब आधा दर्जन लोग घायल हो गए। युवा कांग्रेस का एक कार्यकर्ता बेसुध होकर गिर गया और महिला पुलिस कर्मी को कंधे पर चोट आई, जिन्हें 108 एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने सड़क पर बैठकर जाम लगा दिया।
जोरावर स्टेडियम सिद्धबाड़ी में रोष रैली के बाद बेरिकेड को तोड़ने की कोशिश में युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं की पुलिस जवानों के साथ धक्कामुक्की हो गई। सुबह ही कार्यकर्ता मेला ग्राउंड दाड़ी और घंटाघर सिद्धबाड़ी में एकत्रित हुए। युवा कार्यकर्ता सुबह करीब साढ़े 11 बजे इकट्ठा होने लगे। इसके बाद मेला ग्राउंड दाड़ी से जोरावर स्टेडियम का रुख किया।
इस दौरान सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।करीब दो बजे जोरावर स्टेडियम पहुंचने के बाद कार्यकर्ताओं ने विधानसभा का रुख किया। इसके बाद कार्यकर्ता सड़क पर बैठ गए और जाम लगा दिया।
महंगाई, भ्रष्टाचार, पुलिस जवानों, पीसमील वर्करों और आउडसोर्स कर्मियों का शेषण रोकने के लिए किए जा रहे प्रदर्शन का ज्ञापन युवा कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष निगम भंडारी ने सरकार के नुमाइंदों को सौंपने की बात कही। उन्होंने कहा कि अगर जिलाधीश को ही ज्ञापन सौंपना है तो वे उन्हें कहीं भी ज्ञापन सौंप सकते हैं, लेकिन बाद में उन्होंने जिलाधीश डॉ. निपुण जिंदल के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेजा।
नेता प्रतिपक्ष मुकेश ने सदन में युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं पर लाठीचार्ज के आरोप का मुद्दा सदन में उठाया। उन्होंने कहा कि युकां बेरोजगारी के मुद्दे पर प्रदर्शन कर रही थी, लेकिन पुलिस ने उन पर लाठीचार्ज किया। यह गलत हुआ है। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।


