शिमला। हिमाचल प्रदेश शिक्षा विभाग द्वारा चलाई जा रही मेधा प्रोत्साहन योजना के दूसरे वर्ष की स्टूडेंट्स की सूची घोषित कर दी गई है। इस स्कीम के अंतर्गत जो विधार्थी मेरिट मे हैं पर आर्थिक रूप से मेंहगी कोचिंग फीस देने मे असमर्थ हैं को हिमाचल प्रदेश शिक्षा विभाग सेलेक्ट करता है और सरकार द्वारा 12 इंपेनेलेड कोचिंग सेंटर द्वारा फ्री कोचिंग दिलवाई जाती है। ये कोचिंग सेंटर व अकादमी हिमाचल प्रदेश सरकार के शिक्षा विभाग ने तीन साल पहले सेलेक्ट किये थे। सरकार द्वारा बच्चे की एक लाख रुपये की राशि इम्पेनल संस्थान को मंथली बेसिस प्रदान की जाती है। बच्चे के पैरेंट्स की आय अढाई लाख रुपए सालाना से कम होनी चाहिए। कल शिक्षा विभाग ने सेलेक्टेड इंस्टिट्यूट को जिन बच्चों ने उन्हे चयन किया है की सूची प्रदान कर दी है। पहली सूची लगभग 208 बच्चों की है जिसमे से NEET की कोचिंग के लिए लगभग पचास ने ओपी सिंह क्लासेस पंचकुला को चुना। गोरतलब् है कि ओपी सिंह जो इस इंपेनेलेड इंस्टिट्यूट के संचालक हैं, हिमाचल प्रदेश से संबंध रखते हैं और लगभग पिछले ग्यारह सालों से सरकारी स्कूलों के होनहार छात्रों को NEET क्रैश कोर्स निशुल्क करवाते आ रहे हैं। यही नही, वो समर और विंटर की छुटियों के दौरान भी सरकारी स्कूल के
मेधावी छात्रों को भी पचकुला मे निशुल्क कोचिंग प्रदान करते आ रहे हैं।
दो वर्ष पूर्व उन्हे अखंड शिक्षा ज्योति मेरे स्कूल से निकले मोती के तेहत् भी मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित किया था तथा मुख्यमन्त्री ने खुद स्वीकार किया था कि वो भी ओपी सिंह जी के संस्थान में अपनी बड़ी बेटी के समय सलाह मशवरा करने गए थे। डॉ ओपी सिंह से बातचीत से जानकारी प्राप्त हुई कि वे 26 सालों से ट्राई सिटी में कोचिंग वयवसाय से जुड़े हैं और उन्होंने 600 से ज्यादा MBBS और 2000 से ज्यादा मिलिट्री नर्सिंग, वेट्रीनरी, दंत चिकित्सा, आयुष, फार्मासि व अन्य चिकित्सा सम्बन्धी प्रतिष्ठित संस्थानों मे प्रवेश दिलवाया है। ओपी सिंह ये बताते हैं कि हर बच्चा पहली ही बार MBBS मे सेलेक्ट नही हो पाता। उन्हे दूसरी आपशन पर भी विचार करना चाहिए। कोई भी पैरेंट्स जो शुरू की क्लासेस से अपने बच्चों को मेडिकल लाइन मे डालना चाहता है या विभिन्न कॅरिअर आपशन के बारे मे जानकारी चाहते हैं, निशुल्क परामर्श कर सकते हैं। www.opsinghbiology.com या उनका उनके दूरभाष पर 9815219741.


