शिमला। देश भर में कोविड के मामले बेहद तेजी से बढ़ने लगे हैं और इस बार उससे भी बड़ी समस्या बनी हुई है अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी जिससे इस वक्त कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को जूझना पड़ रहा है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और नोएडा समेत कई बड़े शहरों के अस्पतालों में भी ऑक्सीजन की कमी के कारण कोरोना संक्रमित मरीजों को बड़ी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
अगर बात हिमाचल प्रदेश की करें तो हिमाचल प्रदेश में ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है यह दावा आज मंत्रीमंडल की बैठक के बाद प्रेस वार्ता के दौरान प्रदेश के शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज ने किया। उन्होंने दावा किया है की राज्य में कई स्थानों पर ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए हैं और प्रदेश में 13 नए ऑक्सीजन प्लांट लगाने का प्रस्ताव केंद्र के पास भेजा गया है जिस पर अभी फैसला आना बाकी है। लेकिन अभी भी प्रदेश के पास ऑक्सीजन की कोई कमी नहीं है।
फिलहाल तो प्रदेश में व्यवस्था के दुरुस्त होने के बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं मगर एक गौर करने वाली बात यह भी है कि अभी राज्य में कोरोना के मामले आ तो रहे हैं मगर देश के बाकी राज्यों के मुकाबले हिमाचल की स्थिति बेहतर है। और कोविड-19 के मामलों कि दर भी अभी तो उतनी नहीं है जो कि एक सकारात्मक तिथि है। मगर आने वाले वक्त में अगर मामले अधिक तेजी से बढ़ते हैं तो क्या प्रदेश के पास कोरोना संक्रमित मरीजों के लिए वेंटिलेटर,बेड और ऑक्सीजन समेत पूर्ण व्यवस्था है यह फिलहाल तो वक्त ही बताएगा और बताएगा कि सरकार के दावों में कितनी सच्चाई है।


