स्पेशल डेस्क : पंजाब में बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) के काफिले के साथ हुई सुरक्षा चूक मामले में देश के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एनवी रमना (CJI NV Ramana) ने यात्रा रिकॉर्ड और जांच एजेंसियों को मिले तथ्यों को सुरक्षित रखने के निर्देश दिए हैं।
मामले में अगली सुनवाई सोमवार यानी 10 जनवरी को होगी। इस याचिका में मामले की गहन जांच और भविष्य में इसकी पुनरावृत्ति नहीं हो, यह सुनिश्चित करने का अनुरोध किया गया है।
इसके अलावा कोर्ट ने पंजाब पुलिस अधिकारियों, एसपीजी और अन्य एजेंसियों को सहयोग करने और पूरे रिकॉर्ड को सील करने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा है।
लॉयर्स वॉयस संगठन की ओर से दाखिल याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई। CJI एन वी रमना, जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस हिमा कोहली की बेंच ने मामले की सुनवाई की। याचिकाकर्ता की ओर से मनिंदर सिंह ने बहस की और अदालत के सामने इसे गंभीर मामला बताते हुए इसकी जांच कराने की मांग की।
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और पंजाब सरकार के पैनलों को सोमवार तक कार्यवाही ना करने को कहा है। मामले की अगली सुनवाई अब 10 जनवरी को होगी। CJI ने कहा कि हमें चूक, लापरवाही के कारणों की जांच करने की जरूरत है।
पंजाब पुलिस ने दर्ज की FIR
पीएम मोदी की सुरक्षा में चूक के मामले पर पंजाब पुलिस ने शुक्रवार को FIR दर्ज कर ली है। इसके बारे में सुप्रीम कोर्ट में भी बताया गया।







