स्पेशल डेस्क: पर्यटन नगरी मनाली में आयोजित पांच दिवसीय राष्ट्र स्तरीय विंटर कार्निवाल का गुरुवार को समापन हो गया है। शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर (Education Minister Govind Singh Thakur) ने कार्निवाल का समापन किया। विंटर कार्निवाल में शिमला की आशिमा चौहान (Ashima Chauhan) ने विंटर क्वीन का खिताब जीत लिया है। गुरुवार देर रात को हुए कार्यक्रम में विंटर क्वीन का चुनाव किया गया और शिमला की आशिमा के सिर विंटर क्वीन का ताज सजा।
आशिमा मॉडलिंग में ही अपना करिअर बनाना चाहती हैं।आशिमा ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय अपने माता- पिता और चयनमंडल को दिया है। वहीं, प्रतियोगिता में ताप्ती ठाकुर फर्स्ट रनरअप और चंबा की इप्शिता को सेकंड रनरअप चुना गया। प्रतियोगिता में सभी प्रतिभागियों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली।
25 सुंदरियों ने रैंप पर बिखेरे हुस्न के जलवे
सुंदरियों के बीच शुरू हुआ यह मुकाबला कई चरणों के बाद अंतिम पड़ाव तक पहुंचा। रात करीब पौने 10 बजे विंटर क्वीन की विजेता का चुनाव हुआ। इसे पहले आखिरी दिन 25 सुंदरियों ने रैंप पर हुस्न के जलवे बिखेरे। सुंदरियों के कैटवॉक पर पूरा सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। विंटर क्वीन के लिए सुंदरियों से कई सवाल भी पूछे गए।
वॉयस ऑफ कार्निवाल स्पर्धा बनी आकर्षण का केंद्र
पहले व दूसरे चरण के बाद अंतिम 15 का चयन किया गया। उसके बाद अंतिम व तीसरे राउंड के लिए छह सुंदरियों को चुना गया। विंटर क्वीन का ताज पाने के लिए सभी 25 सुंदरियों ने खूब तैयारियां कर रखी थीं।
कार्निवाल में विंटर क्वीन प्रतियोगिता के अलावा वॉयस ऑफ कार्निवाल स्पर्धा और महिला मंडलों की नाटी भी आकर्षण का केंद्र रही।
सुंन्दरियों को यह इनाम मिला
विंटर क्वीन (Winter Queen) शिमला की आशिमा को एक लाख रुपए और सुंदरी का ताज पहनाया गया। वहीं, भोपाल की ताप्ती ठाकुर को फर्स्ट रनर अप रहने पर 5O हजार रुपए का चैक और ताज पहनाया गया। सैंकिड रनर अप रही चम्बा की इप्शिता को 30 हजार रुपए का चैक और ताज पहनाया गया है।
फाइनल राउंड की छह सुंदरियां
अक्षी धर्मा, ताप्ती ठाकुर, मेघना, आशिमा चौहान, इप्शिता और सुमन सिंह शरद सुंदरी के टॉप 6 में पहुंची थीं। कार्निवाल की अंतिम सांस्कृतिक संध्या रात 12 बजे तक चलती थी, लेकिन कोरोना कर्फ्यू के कारण कार्निवाल का संपन्न 10 बजे ही करना पड़ा है।

