शिमला: हिमाचल प्रदेश में कोरोना के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है जो कि एक चिंता का विषय है। आलम यह है कि सूबे में 12 दिन में कोरोना के पांच हजार से ज्यादा मामले दर्ज हुए हैं। बीते साल 31 दिसंबर 2020 को हिमाचल में 466 एक्टिव मरीज थे। लेकिन अब कोरोना के मामले बढ़ कर 6937 हो गए हैं। बीते तीन दिन में हिमाचल में 4500 नए मामले रिपोर्ट हुए हैं।
इस दौरान सरकार ने करीब 10 हजार से ज्यादा सैंपल जांचे हैं। स्वास्थ्य विभाग औसतन रोजाना 6 हजार के करीब सैंपलिंग और टेस्टिंग कर रहा था। लेकिन अब बुधवार को 14 हजार के करीब सैंपल लिए गए हैं। ऐसे में कोरोना के मामलों में इजाफा हुआ है।
क्यों और कहां बढ़े मामले
हिमाचल के कांगड़ा में सबसे अधिक 1704 एक्टिव केस हैं। वहीं, यहां पर एक सप्ताह में 1500 के करीब केस आए हैं। कांगड़ा में शादी समारोह और अन्य आयोजन होने से लोग एकत्र हो रहे हैं। जिसके चलते जिला में कोरोना के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं।
शिमला में कोरोना के 752 एक्टिव केस
शिमला का हाल भी कुछ ऐसा ही है यहां पर नए साल का जश्न मनाने के लिए बड़ी संख्या में सैलानी पहुंचे थे और अब बर्फबारी के बाद पहाड़ों का दीदार करने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ रही है। शिमला में कोरोना के 752 एक्टिव केस है।
हॉटस्पॉट बना कांगड़ा-सोलन
बता दे कि हिमाचल के चार जिले कांगड़ा, सोलन, हमीरपुर और शिमला कोरोना का हॉटस्पॉट बनता जा रहा है। कांगड़ा के बाद सोलन जिला में सबसे ज्यादा 1122 एक्टिव केस पाए गए हैं।
चंबा, लाहौल स्पीति और किन्नौर में स्थिति सामान्य
हिमाचल प्रदेश के अन्य जिलों की अपेक्षा चंबा, लाहौल-स्पीति और किन्नौर में कोरोना के मामले कम हैं। इन जिलों में प्रतिदिन 20 से कम लोग पॉजिटिव पाए जा रहे हैं। जिन जिलों में बाहरी लोगों की आवाजाही कम है, वहां, पर कोरोना केस कम आए हैं। चंबा दूरदूराज का इलाका है।
भारी बर्फबारी के कारण टूटे संपर्क
लाहौल-स्पीति और किन्नौर में कोरोना के मामले कम हैं। क्योंकि इन जिलों में मौजूदा समय में बर्फबारी हुई है और ये इलाके लोगों की पहुंच से बाहर हैं। लाहौल स्पीति बीते कुछ दिनों से बर्फबारी के चलते कटा हुआ है।







