स्पेशल डेस्क: हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में शराब पीने से चार लोगों की संदिग्ध हालत में मौत हो गई। जबकि चार गंभीर रूप से बीमार बताए जा रहे हैं। बीमारों का सिविल हॉस्पिटल सुंदरनगर और मेडिकल कॉलेज नेरचौक में उपचार चल रहा है।
अवैध रूप से बेची गई थी शराब
सुंदरनगर के स्लापड में शराब के सेवन के बाद 3 लोगों की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि जहरीली शराब के सेवन से इनकी मौत हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, इन सभी लोगों ने ये शराब किसी ठेके से नहीं खरीदी है बल्कि शराब माफिया द्वारा इसे चंडीगढ़ से लाकर यहां अवैध रूप से बेचा गया था।
4 लोगों की हालत गंभीर
बीती रात को 7 लोगों ने इस शराब को खरीदा और घर जाकर इसका सेवन किया। शराब का सेवन करने के बाद इन सभी की तबीयत खराब होने लग गई। परिजनों ने आनन-फानन में सभी को अस्पताल पहुंचाया। पुलिस ने शव कब्जे में ले लिए हैं। इन्होंने शराब के साथ किस और खाद्य पदार्थ का सेवन किया था, इसकी भी जांच की जा रही है।
मामले की जांच में जुटी पुलिस
एसपी मंडी शालिनी अग्निहोत्री ने मामले की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि मामले की जांच पड़ताल शुरू कर दी गई है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि पिछले कई दिनों से सलापड़ क्षेत्र में चोरी छिपे चंडीगढ़ से शराब लाकर बेची जा रही थी।
सलापड़ में होता है अवैध शराब का कारोबार
इन्होंने इसी शराब का सेवन किया था। बताया जा रहा है क्षेत्र में इस शराब की मांग ज्यादा हो गई थी, इससे ज्यादा नशा होने की बात कही जा रही है। पंचायत समिति के पूर्व अध्यक्ष सतीश कुमार ने बताया कि क्षेत्र में शराब माफिया काफी लंबे समय से सक्रिय है। चंडीगढ़ से सस्ती शराब लाकर यहां पर बेची जाती है और उसी के कारण आज लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से इसपर कठोर कार्रवाई करने की मांग उठाई है।
इनकी हुई मौत
बता दें कि मरने वालों में पंचायत समिति सुंदरनगर के पूर्व अध्यक्ष सतीश ठाकुर का भाई भी शामिल है। शवों की शिनाख्त सुदेश कुमार, लाल सिंह व चेतराम के रूप में हुई है।


