स्पेशल डेस्क: सुंदरनगर उपमंडल के तहत आने वाले सलापड़ क्षेत्र में जहरीली शराब पीने के मामले में मौत का आंकड़ा बढ़ गया है। मामले में एक और मौत के बाद मृतकों का आंकड़ा 5 पहुंच गया है। लाल बहादुर शास्त्री मेडिकल कॉलेज नेरचौक में 3 व्यक्ति गंभीर अवस्था में उपचाराधीन हैं।
मामले में मुख्यमंत्री हिमाचल प्रदेश जयराम ठाकुर भी नजर बनाए हुए है। मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रदेश सरकार ने मृतकों के परिवार को 8-8 लाख रुपए राहत राशि प्रदान करने की घोषणा की है। इसमें 4 लाख प्रदेश सरकार और 4 लाख की राशि प्रशासन की तरफ से पीड़ित परिवारों को दी जाएगी। प्रशासन द्वारा मौके पर पीड़ित परिवार को 50-50 हजार रुपए की फौरी राहत राशि जारी की है।
एसपी शालिनी अग्निहोत्री के नेतृत्व में पुलिस बटालियन मौके पर शराब की तलाश में सर्च अभियान चला रही है। संदेह के आधार पर दो लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है। अब तक शराब के 25 सैंपल भरे गए हैं। सलापड़ में शराब ठेके को भी सील कर दिया गया है। आबकारी विभाग और पुलिस संयुक्त तौर पर कार्रवाई कर रहे हैं।
परिजनों का आरोप है कि जहरीली शराब के सेवन से इनकी मौत हुई है। मिली जानकारी के अनुसार, इन सभी लोगों ने ये शराब किसी ठेके से नहीं खरीदी है बल्कि शराब माफिया द्वारा इसे चंडीगढ़ से लाकर यहां अवैध रूप से बेचा गया था। इन्होंने इसी शराब का सेवन किया था। बताया जा रहा है क्षेत्र में इस शराब की मांग ज्यादा हो गई थी, इससे ज्यादा नशा होने की बात कही जा रही है।
पंचायत समिति के पूर्व अध्यक्ष सतीश कुमार ने बताया कि क्षेत्र में शराब माफिया काफी लंबे समय से सक्रिय है। चंडीगढ़ से सस्ती शराब लाकर यहां पर बेची जाती है और उसी के कारण आज लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से इसपर कठोर कार्रवाई करने की मांग उठाई है।







