बिलासपुर:हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर जिले के लिए गर्व का विषय है कि प्रख्यात कृषि वैज्ञानिक और शिक्षाविद प्रो. (डॉ.) प्रेम लाल गौतम को भारत सरकार द्वारा वर्ष 2026 के पद्म श्री सम्मान से अलंकृत किए जाने की घोषणा की गई है। यह सम्मान उन्हें कृषि विज्ञान, पादप आनुवंशिकी और उच्च कृषि शिक्षा के क्षेत्र में उनके अतुलनीय योगदान के लिए प्रदान किया जाएगा।
प्रो. (डॉ.) प्रेम लाल गौतम का जन्म 12 दिसंबर 1947 को हुआ। वे वर्तमान में डॉ. राजेन्द्र प्रसाद केन्द्रीय कृषि विश्वविद्यालय (RPCAU), पूसा, बिहार के कुलाधिपति के रूप में कार्यरत हैं। नवंबर 2023 में राष्ट्रपति द्वारा उन्हें इस पद पर पाँच वर्ष के कार्यकाल के लिए नियुक्त किया गया था। इसके अतिरिक्त वे करियर प्वाइंट यूनिवर्सिटी, हमीरपुर (हिमाचल प्रदेश) के प्रो-कुलाधिपति भी हैं तथा राष्ट्रीय कृषि उच्च शिक्षा परियोजना (NAHEP) की बाह्य सलाहकार समिति के सदस्य के रूप में अपनी सेवाएँ दे रहे हैं।
अपने दीर्घ और विशिष्ट करियर के दौरान डॉ. गौतम ने कृषि प्रशासन और अनुसंधान के कई महत्वपूर्ण दायित्व निभाए हैं। वे राष्ट्रीय जैव विविधता प्राधिकरण (NBA) और पौध किस्म संरक्षण एवं कृषक अधिकार प्राधिकरण (PPVFRA) के अध्यक्ष रह चुके हैं। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) में फसल विज्ञान के उप महानिदेशक तथा राष्ट्रीय पादप आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो (NBPGR) के निदेशक के रूप में भी उन्होंने उल्लेखनीय कार्य किया। इसके अलावा वे गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (GBPUAT) और करियर प्वाइंट यूनिवर्सिटी के कुलपति रह चुके हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी उनका योगदान उल्लेखनीय रहा है, जहां वे पादप आनुवंशिक संसाधनों पर अंतरराष्ट्रीय संधि की पाँचवीं शासी निकाय के उपाध्यक्ष रहे।
शैक्षणिक दृष्टि से डॉ. गौतम ने भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (IARI), नई दिल्ली से आनुवंशिकी में एम.एससी. और पीएच.डी. की उपाधि प्राप्त की। वे एक प्रख्यात आनुवंशिकीविद् एवं पादप प्रजनक हैं। ब्रेड गेहूं की प्रसिद्ध किस्म UP 262 सहित सोयाबीन, राइसबीन और फॉक्सटेल मिलेट की उन्नत किस्मों के विकास में उनका योगदान देशभर में सराहा गया है।
उनकी उपलब्धियों को देखते हुए उन्हें पहले भी कई प्रतिष्ठित पुरस्कार और सम्मान प्राप्त हो चुके हैं, जिनमें बेस्ट इंडियन गोल्डन पर्सनैलिटीज़ अवॉर्ड (2025), विभिन्न संस्थाओं द्वारा लाइफ टाइम अचीवमेंट अवॉर्ड, डॉ. एस. राधाकृष्णन एजुकेशन एक्सीलेंस अवॉर्ड (2018) तथा एसकेयूएएसटी जम्मू और एएनडीयूएटी फैज़ाबाद से मानद डी.एससी. उपाधि शामिल हैं।
पद्म श्री सम्मान की यह घोषणा न केवल प्रो. (डॉ.) प्रेम लाल गौतम के लिए, बल्कि बिलासपुर और पूरे हिमाचल प्रदेश के लिए गौरव का क्षण है।






