स्पेशल डेस्क: पृथ्वी में कई तरह के क्षेत्र हैं। कहीं पहाड़ है तो कहीं झरने, कहीं रेत है तो कहीं समंदर। इस विविधता के कारण ही दुनिया के विभिन्न हिस्सों में अलग-अलग प्रजातियां पाईं जाती है। इनमें से दलदली इलाकों के लिए तो एक खास दिन भी रखा गया है। 2 फरवरी यानी आज का दिन पूरी दुनिया में ‘विश्व आर्द्रभूमि दिवस’ यानी ‘वर्ल्ड वेटलैंड डे’ मनाया जाता है।
विश्व में ‘वर्ल्ड वेटलैंड डे’ का आयोजन लोगों में पृथ्वी के लिए वेटलैंड की महत्त्वपूर्ण भूमिका के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए किया जाता है।
क्या होता है वेटलैंड
वेटलैंड वह क्षेत्र है जो साल भर जल से भरा रहता है। अक्सर वेटलैंड की मिट्टी झील, नदी व तालाब के किनारे का हिस्सा होता है। आर्द्रभूमि वह क्षेत्र है जो सालभर आंशिक रूप से या पूर्णतः जल से भरा रहता है। वेटलैंड के कई फायदे हैं। भारत में वेटलैंड ठंडे और शुष्क इलाकों से लेकर मध्य भारत के कटिबंधीय मानसूनी इलाकों और दक्षिण के नमी वाले इलाकों तक फैली हुई है। आपको बता दे की वेटलैंड जल को प्रदुषण से मुक्त बनाती है। वेटलैंड्स कई प्राकृतिक चक्रों को बनाए रखने में मदद करते हैं। ये चावल की खेती में मदद करते हैं और मछली भी उपलब्ध कराते हैं।
50 साल पहले हुई थी शुरुआत
इसका इतिहास 50 साल पुराना है। नदियों, झीलों, तालाबों आदि की खराब होती स्थिति को देखते हुए साल 1971 में 2 फरवरी को ईरान के रमसर में वेटलैंड कन्वेंशन को अपनाया गया और वेटलैंड के संरक्षण के लिए एक संधि पर हस्ताक्षर किए गए। तब से हर साल सरकारी एजेंसियों, गैर-सरकारी संगठनों और समुदाय के सभी स्तरों पर नागरिकों के समूहों ने वेटलैंड के प्रति जागरूकता बढ़ाने और संरक्षण जैसे लाभों के उद्देश्य से कार्रवाई करने के अवसर का लाभ उठाया है।
वेटलैंड्स जंतु ही नहीं बल्कि पौधों की दृष्टि से भी एक समृद्ध तंत्र है, जहां उपयोगी वनस्पतियां एवं औषधीय पौधे भी प्रचुर मात्रा में मिलते हैं। ये उपयोगी वनस्पतियों एवं औषधीय पौधों के उत्पादन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
खास वेटलैंड्स यूथ फोटोग्राफी प्रतियोगिता का आयोजन
इस दिन बहुत सी जगहों पर वेटलैंड्स के बारे में बताने या समझाने के लिए कार्यक्रम आयोजित किया जाता है। इस दिन एक खास वेटलैंड्स यूथ फोटो प्रतियोगिता का आयोजन होता है जिसकी शुरुआत 2015 में हुई थी। इस प्रतियोगिता के जरिये युवाओं को टारगेट किया जाता है और उनके बीच इस दिन को लोकप्रिय बनाने का प्रयास किया जाता हैं।
इस प्रतियोगिता के अंतर्गत 15 से 24 वर्ष की आयु के लोग एक निश्चित वेटलैंड की तस्वीर को फरवरी और मार्च महीने के बीच वर्ल्ड वेटलैंड्स डे वेबसाइट पर अपलोड करते हैं। इसके विजेता को स्टार एलायंस बायोस्फीयर कनेक्शंस द्वारा पुरस्कृत किया जाता है। इसके साथ ही विजेता को दुनिया भर के 2200 से अधिक रामसर साइटों में से अपनी पसंद की एक वेटलैंड पर जाने का मौका मिलता है।







