ब्यूरो- प्रदेश में सेब सीजन शुरु होने के साथ ही बागवानो की परेशानी भी शुरु हो जाती है. अभी तक मंडियों में आढ़तियों की मनमानी से प्रदेश के बागवानों का आर्थिक शोषण हो रहा था लेकिन, अब ट्रक मालिकों को भी शिकार बनाया जा रहा है. सेब ढुलाई में जुटे हजारों ट्रक मालिकों को हर रोज भारी चूना लग रहा है. दिल्ली की आजादपुर मंडी में ट्रक मालिकों से सेब ढुलाई के लिए ट्रक भाड़ा देते समय 3.5 फीसदी कमीशन काटा जाने लगा है. ये कमीशन अवैध तरीके से काटा जा रहा है. सेब भाड़ा भुगतान के लिए मंडी के बाहर आड़तियों द्वारा बिचौलिये बैठाए हैं.
दिल्ली मंडी जाने से परहेज
अकसर ट्रक मालिक देश की किसी भी मंडी में सेब ढुलाई को तैयार रहते हैं लेकिन आड़तियों के कारण ट्रक चालक दिल्ली मंडी जाने से परहेज कर रहे हैं. मंडी के बाहर से किराया लेने को कह रहे आड़ती नकद किराया देने से आनाकानी कर रहे हैं. वंही मंडी के बाहर बैठे बिचौलिये कमीशन काटकर ट्रक भाड़ा दे रहे हैं. हालात ये है कि ट्रक मालिक सरकार से हस्तक्षेप करने की अपील कर रहे हैं.
ट्रक यूनियन अध्यक्ष का कहना है कि…
जुब्बल-कोटखाई ट्रक यूनियन अध्यक्ष प्रताप चौहान कहते हैं कि ट्रक मालिक दिल्ली सेब लेकर जाने से मना करने लगे हैं. देश की एकमात्र मंडी दिल्ली ही है, जहां ट्रक भाड़ा देने से पहले 3.5 फीसदी कमीशन वसूला जा रहा है. ट्रक मालिकों ने सरकार से मांग करी है कि यह मामला दिल्ली सरकार के समक्ष उठाकर कमीशनखोरी को किया जाए.







