
गुजरात- भारत को शुक्रवार सुबह वंदे भारत एक्सप्रेस के नए और उन्नत संस्करण का तोफा दिया गया. प्रधानमंत्री मोदी ने गांधीनगर-मुंबई वंदे भारत एक्सप्रेस, एक सेमी-हाई स्पीड ट्रेन को हरी झंडी दिखाई. उन्होंने कालूपुर स्टेशन से मेट्रो रेल के पूर्व-पश्चिम गलियारे पर परियोजना का उद्घाटन किया. साथ ही उन्होने कालूपुर स्टेशन पर मेट्रो ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया और ट्रेन की यात्रा भी की. यात्रा के दौरान उनके साथ गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और पार्टी सांसद सीआर पाटिल और किरीट सोलंकी भी थे. यह देश की तीसरी वंदे भारत ट्रेन है, अन्य दो नई दिल्ली-वाराणसी और नई दिल्ली-श्री माता वैष्णो देवी कटरा के बीच चलाई जा रही हैं.
तीसरी वंदे भारत एक्सप्रेस की विषेशता
महाराष्ट्र और गुजरात की राजधानी को जोड़ने वाली ये ट्रेन देश की तीसरी वंदे भारत एक्सप्रेस है. इस ट्रेन की कुछ विषेश बातें है जैसे कि ये ट्रेन 1 अक्टूबर से परिचालन शुरू करेगी और रविवार को छोड़कर सभी दिनों में चलेगी. अधिकारियों के अनुसार, ट्रेन मुंबई सेंट्रल से सुबह 6.10 बजे प्रस्थान करेगी और दोपहर 12.30 बजे गांधीनगर पहुंचेगी वापसी ट्रेन गांधीनगर कैपिटल स्टेशन से दोपहर 2.05 बजे प्रस्थान करेगी और रात 8.35 बजे मुंबई सेंट्रल पहुंचेगी.ट्रेन में 1,128 यात्रियों के बैठने की क्षमता वाले 16 कोच हैं और गांधीनगर कैपिटल स्टेशन पहुंचने से पहले यह तीन स्टेशनों – सूरत, वडोदरा और अहमदाबाद पर रुकेगी. ट्रेन के सभी वर्गों में रिक्लाइनिंग सीटें हैं- एक्जीक्यूटिव कोच के साथ 180 डिग्री घूमने वाली सीटों की अतिरिक्त सुविधा है. साथ ही किसी भी आपात स्थिति में लोको पायलट और ट्रेन गार्ड एक-दूसरे के साथ-साथ यात्रियों से भी आसानी से संवाद कर सकते हैं.अन्य सुविधाओं में वाईफाई सुविधा के साथ ऑन-डिमांड सामग्री, यात्रा को सुरक्षित और अधिक आरामदायक बनाने के लिए तीन घंटे का बैटरी बैकअप और जीपीएस सिस्टम शामिल हैं.
प्रधामनंत्री ने कहा…
प्रधामनंत्री मोदी ने अहमदाबाद में कहा, “वंदे भारत ट्रेन के अंदर हवाई जहाज की तुलना में 100 गुना कम शोर करता है. जो लोग उड़ानों में यात्रा करने के आदी हैं, वे वंदे भारत ट्रेन का अनुभव करने के बाद इसे पसंद करेंगे.”







